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हिंदी कविता

Hindi Kavita for all movements

Raam navmi kavita, मर्यादा पुरुषोत्तम प्रभु श्री राम पर कविता:-    मर्यादा पुरुषोत्तम प्रभु श्री राम का जन्म हर्षोल्लास के साथ मनाएं, जन्मदिन की ख़ुशी में प्रस्तुत:-   "राम जी ने जनम लियो आज, अवध में देखो सखी ख़ुशी मिलके मनाएं सभी आज अवध में देखो सखी। राम जी ने... सारे जगत को तारन आए, दुखियों के दुख हरने...
Story of every man, जीवन में 45 पार के हर गरीब मर्द की जिदगी को बयाँ करती कविता:- जीवन में 45 पार का मर्द *कैसा होता है ?   थोड़ी सी सफेदी कनपटियों के पास, खुल रहा हो जैसे आसमां बारिश के बाद, जिम्मेदारियों के बोझ से झुकते हुए कंधे, जिंदगी की भट्टी में...
इस कविता के अंत में कोई कसम नहीं है क्योंकि ये कविता इतनी अच्छी है आप खुद शेयर किये बिना नहीं रह पाओगे :- माँ पर सबसे बेहतरीन कविता : लेती नहीं दवाई "माँ", जोड़े पाई-पाई "माँ"। दुःख थे पर्वत, राई "माँ", हारी नहीं लड़ाई "माँ"। माँ पर सबसे बेहतरीन कविता   इस दुनियां में सब...
Bhuli Bisri Yaadein - बात दिल पे न लगाने की कसम खा ली है:- ज़माने से हमने कुछ इस तरह निभा ली है बात दिल पे न लगाने की कसम खा ली है लड़ने की बजाए दिल जीत लिया उसका दुश्मन को हराने की नई तरकीब निकाली है देखा दबा जब गमों के बोझ...
शायद उस दिन, जो हिन्दू होगा एक बार जरुर पढ़ेगा, बहुत कडवी सच्चाई? भारतीय सभ्यता के हो रहे नाश पे इससे बेहतर पंक्तियाँ हो ही नहीं सकती शेयर करना न भूलें :- शायद उस दिन...! मेरे परदादा संस्कृत और हिंदी जानते थे। माथे पे तिलक और सर पर पगड़ी बाँधते थे।। फिर मेरे दादा...
Dillagi, "दिल्लगी" किस्सा एक हनीमून का जो दिल को छु जायेगा:-   एक शादी हुई।लड़की बहुत हसीन थी, एकदम परी जमाल,शहद की शीशी,अदा और नजाकत का शराबी मेल और लड़का भी जैसे मर्दानगी का मुजस्समा,लहीम शहीम,ऊंचा लंबा कद, बेहद जहीन और एक कामयाब आईआईटियन...। दोनो शादी के फौरन बाद हनीमून के लिए गुलमर्ग गये। लड़का अपने कैरियर बनाने...
*हास्य कविता* फनी पोएम अक्ल बाटने लगे विधाता ! पढ़ें और शेयर कर ओरो को हसायें :-  ??????? अक्ल बाटने लगे विधाता, लंबी लगी कतारी । सभी आदमी खड़े हुए थे, कहीं नहीं थी नारी । सभी नारियाँ कहाँ रह गई, था ये अचरज भारी । पता चला ब्यूटी पार्लर में, पहुँच गई थी सारी। फनी पोएम अक्ल बाटने लगे...
Chhoti si shikayat - कविता - छोटी सी शिकायत मुझे अपने आप से:-   तुम जो रोज हमारे पास रहकर भी यू हमसे दूर दूर रहते हो हमे अच्छा नही लगता ..... तुम जो हमारे वक़्त पे भी हमे वक़्त नही दे पाते हो हमे अच्छा नही लगता..... तुम से शिकायत करु या शिकवा कुछ भी कहो ऐसा करना हमे अच्छा...
पुरानी गर्ल फ्रेंड से भेट! हास्य कविता :- पुरानी गर्ल फ्रेंड से भेट हास्य कविता एक दिन दफ्तर से घर आते हुए पुरानी गर्ल फ्रेंड से भेट हो गयी, और जो बीवी से मिलने की जल्दी थी वह ज़रा से लेट हो गयी; जाते ही बीवी ने आँखे दिखाई, -आदतानुसार हम पर...
मोदी की चिंता मत करो, अपनी और अपनी आने वाली पिढीयौ की चिंता करो,, ये आखिरी मौका है। फिर कोई *नरेन्द्र मोदी जेसा हिंदुवादी शासक* नहीं मिलेगा। हिन्दू शासक मन की हल्दीघाटी में, राणा के भाले डोले हैं, यूँ लगता है चीख चीख कर, वीर शिवाजी बोले हैं, पुरखों का बलिदान, घास की, रोटी भी शर्मिंदा है, कटी...
Dard Bhari Shayari poem in Hindi :- Dard Bhari Shayari poem in Hindi     वो प्यार का सबूत दिखाया करता था, आँसू बहा कर मुझे मनाया करता था! यह ज़िंदगी सिर्फ़ तुमसे वाबस्ता है, अक्सर यह बात मुझे बताया करता था! उसकी बातों में कुछ ऐसा असर था, मैं बारिश के बिना ही भीग जाया करता था! सोने...
"हर उस बेटे को समर्पित जो घर से दूर है" *बेटे भी घर छोड़ जाते हैं😔 😔 जो तकिये के बिना कहीं...भी सोने से कतराते थे... आकर कोई देखे तो वो...कहीं भी अब सो जाते हैं... खाने में सो नखरे वाले..अब कुछ भी खा जाते हैं... अपने रूम में किसी को...भी नहीं आने देने वाले... अब...

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